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भारत 10 ऐसे सबसे महान कवि, जिन्होंने अपनी कविताओं से देश को कई नए आयाम दिया हैं

भारत देश में कई ऐसे कवियों ने जन्म लिया है, जिन्होंने लोगों में एक नई ऊर्जा का संचार किया है. जहां इन्होंने अपनी कविताओं से लोगों को कुछ अलग तरह…

मेरे शहर में तुम खाली से मंका ढूंढते हो

मेरे शहर में तुम खाली से मंका ढूंढते हो मेरे शहर में तुम खाली से मंका ढूंढते हो। करके मेरे शहर की गलियों को बर्बाद तुम मेरे शहर में ही…

मैं पीने की, मैं खानों में जाने की, आदत बहुत है हमको

मैं पीने की, मैं खानों में जाने की, आदत बहुत है हमको

VAISE TO TOO MERA SAAYA THA NAHI

वैसे तो तू मेरा साया था नहीं, पर तू मेरे लिए कभी पराया भी था नहीं,

VO LADKI MERE MAN KA (वो लड़की मेरे मन का)

वो लड़की मेरे मन का उजला सा दर्पण लगती है भीगती बारिश में जैसे छत पर कोई यौवन लगती है सुनहरी सी धूप की वो पहली किरण लगती है वीणा…

कोई पागल समझता है, कोई दीवाना समझता है

written by Suman Vasistha Bhardwaj   कोई पागल समझता है, कोई दीवाना समझता है मेरी मोहब्बत को यहाँ हर कोई,अफसाना समझता है डूब कर इस तरह मेरा मोहब्बत में दीवाना हो जाना, कहां…

शायर हूं मैं (नई शायरी)

(Written by Suman Vashisht Bharadwaj) मेरे दिल में तो वो था और उसकी हसरतों का साया था पर बहुत कमबख्त दिल था उसका जो खुदा तूने बनाया था जज्बात तो…

वो लड़की मेरे मन का उजला सा दर्पण

written by Suman Vashisht Bharadwaj वो लड़की मेरे मन का उजला सा दर्पण लगती है भीगती बारिश में जैसे छत पर कोई यौवन लगती है सुनहरी सी धूप की वो…

मैं पीने की, मैं खाने में जाने की

(Written by Suman Vashisht Bharadwaj) मैं पीने की, मैं खाने में जाने की आदत तो बहुत है हमको, मगर कोई मेरे जमीर से पूछे, मगर कोई मेरे जमीर से पूछे…

शायर हूं मैं

(Written by Suman Vashisht Bharadwaj) शायर हूं मैं यूं ही शायरी करूंगा इस दिल के टूटने से यूं ही नहीं मरूंगा मरना तो है एक रोज ए जिंदगी मरना तो…

उनको अपनी चाहतों का कुछ यूँ गुमाँ हो बैठा

(Written by Suman Vashisht Bharadwaj) उनको अपनी चाहतों का कुछ यूँ गुमाँ हो बैठा, कुछ ख्वाहिशें क्या दे गए वो हमको, उनका दिल उनके लिए जैसे खुदा हो बेठा। जश्न…

तिनका तिनका कर मैं भ्रम बुनता गया

Written by Suman Vashisht Bharadwaj तिनका तिनका कर मैं भ्रम बुनता गया। किसी की ना सुनी बस अपने ही दिल की सुनता गया। ना थी मंजिल ना रास्ते थे फिर…

जाने क्यों तेरी तारीफ करना दिल को

Written by Suman Vashisht Bharadwaj तबस्सुम की पहली ग़ज़ल है तू मेरे शहर में आया हुआ वो कल है तू जिसे देखकर धड़कती है मेरी धड़कन मेरा बीता हुआ वो…

प्यार में तिरस्कार

अभी अभी तो आया हूं, अभी जाने की बात करते हो। मैं तुमसे बेपनाह प्यार करता हूं, तुम बार-बार मेरा तिरस्कार करते हो। इतना ना सोचो मेरे बारे में, मैं…

हम जीने की जद्दोजहद करते रहे

ता उम्र हम जीने की जद्दोजहद करते रहे, जिंदगी हमसे हम जिंदगी से लड़ते रहे। उम्मीदों की गागर भर्ती रही झलकती रही। जिंदगी कतरा कतरा कर गुजरती रही। ख्वाहिशें बनती…

दोस्ती के जमाने (POETRY)

Written By Suman Vashisht Bhardwaj दोस्ती के जमाने कभी पुराने नहीं होते। और दोस्त कभी बीते हुए अफसाने नहीं होते। अगर सच्ची है दोस्ती तो दिल से बाहर कभी दोस्तों…

खाली किताबों के पन्नों पर

written by Suman Vashisht Bharadwaj मैं आजकल बेबसी की खाली किताबों के पन्नों पर अपनी किस्मत के सारे राज लिख रहा हूंl बंद लिफाफो मैं आजकल बीता हुआ हर पल हर बार…