गुजरात के सूरत में राजनीतिक विवाद के चलते एक युवा जोड़े का तलाक हो गया. पत्नी आम आदमी पार्टी की नगर पार्षद है. इस जोड़े ने हाल ही में आपसी समझ से तलाक लिया. अब

26 साल की रुता दूधागरा पति चिराग के खिलाफ कानूनी विकल्प तलाश रही हैं, ताकि वो अपने निजी सामान जैसे स्कूल और कॉलेज की मार्कशीट, पहचान दस्तावेज, उनकी पार्षद से संबंधित दस्तावेज, उनकी मोपेड और लैपटॉप सहित अन्य कीमती सामान ले सकें.

रुता ने बताया, ‘मेरे पति पिछले कुछ महीनों से बेरोजगार थे, इसलिए मैंने उन्हें 7 लाख रुपये का भुगतान किया और उन्होंने मेरे 90 ग्राम से अधिक वजन के सोना ले लिया। मैं मानती हूं कि नकद भुगतान सेपरेशन के लिए था, लेकिन अब मैं मेरे दस्तावेजों को लेने के लिए कानूनी विकल्प तलाश रही हूं


उन्होंने कहा, ‘मेरा कोई राजनीतिक अनुभव नहीं था, लेकिन आप के साथ कल्याणकारी गतिविधियों में भाग लेना शुरू कर दिया. उन्होंने मुझे नगरपालिका चुनाव में टिकट की पेशकश की और मैं सबसे अधिक अंतर से जीती. उन्होंने बताया कि उनकी शादी तीन साल पहले एक कंप्यूटर इंजिनियर चिराग से हुई थी. दंपती के कोई संतान नहीं है.

रुता ने कहा, ‘मेरे पति के साथ मेरे एक साल से अधिक समय से मतभेद थे, लेकिन हम किसी तरह अडजस्ट कर रहे थे. लेकिन मेरी जीत के कुछ हफ्तों के भीतर ही मेरे पति ने मुझ पर बीजेपी में शामिल होने का दबाव बनाना शुरू कर दिया. उन्हें इसके लिए करोड़ों का प्रस्ताव मिला होगा, लेकिन मैं आम आदमी पार्टी छोड़ने नहीं जा रही हूं.

पार्षद ने बताया, ‘इस विवाद में अप्रैल में मुझे चिराग ने भी पीटा था जिसके बाद मैंने अलग होने का फैसला किया. वह अब भी मुझे धमकियां दे रहा है और मेरे दस्तावेज भी वापस नहीं किए. इसलिए, मैं अब कानूनी विकल्प तलाश रही हूं।’ AAP ने शहर के पाटीदार बहुल इलाकों में भाजपा के 93 के मुकाबले 27 सीटें जीती थीं।