भले ही देश की राजधानी दिल्ली के बार्डर पर किसान सरकार के नए कृषि कानून के खिलाफ धरना प्रदर्शन कर उसे कोस रहे हैं. वहीं दूसरी ओर सरकार के सहयोग से टमाटर की खेती कर महिला किसान ने लंदन, ओमान, दुबई और नेपाल में टमाटर की आपूर्ति कर अपने लिए समृद्धि का द्वार खोल दिया है. साठ हजार की लागत से की गई खेती में करीब साढ़े तीन लाख से अधिक का मुनाफा मिलने की संभावना है.

दरसअल उत्तर प्रदेश मिर्जापुर जिले के सीखड़ ब्लाक में दुर्ग प्रजाति के टमाटर की खेती करने वाली कनक लता अच्छी फसल होने के बाद उससे मिलने वाले मुनाफा से गदगद है. अपनी फसल को लहलहाते देख वह खुश है. उनके टमाटर की मांग लंदन, ओमान, दुबई और नेपाल में अच्छी डिमांड है. परम्परागत खेती से हटकर आधुनिक खेती को देख कर वह खुश हैं. एक बीघा खेत में करीब साठ हजार की लागत से दुर्ग प्रजाति का टमाटर लगाया गया था. प्रतिदिन करीब नौ दस कुंतल टमाटर खेत से निकल रहा है. जो लंदन, ओमान, दुबई, नेपाल के साथ ही स्थानीय बाजारों में भेजी जा रही है. नेपाल के काठमांडू से मांग ज्यादा हैं, दुर्ग प्रजाति का टमाटर एक माह तक खराब नहीं होता. और मांग के चलते मुनाफा भी बढ़ा है.

किसानों की आमदनी तिगुना से अधिक करने का लक्ष्य लेकर कार्य करने वाले कृषि विभाग के अधिकारी विदेशी धरती से मिलने वाले डिमांड से गदगद है. किसानों के फसल की मांग बढ़ने से आमदनी कई गुना बढ़ना तय है. उत्साही किसानों का कृषि विभाग और नाबार्ड सहयोग कर रहा है. जरूरत मेहनत करने की है.

बॉलीवुड में 1967 में उपकार फिल्म रिलीज हुई थी. इस फिल्म में महेंद्र कपूर ने गीत गाया था. जिसके बोल थे – मेरे देश की धरती सोना उगले, उगले हीरे मोती मेरे देश की धरती. यह गाना आज सीखड़ ब्लाक में किसानों की मेहनत से चरितार्थ होते हुए सोना और मोती उगल रही हैं.