प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज प्रवासी भारती दिवस सम्मेलन का उद्घाटन किया. कोरोना काल के बीच 16वां प्रवासी भारतीय सम्मेलन डिजिटल माध्यम से आयोजित किया जा रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रवासी भारतीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि आज नई पीढ़ी भले ही जड़ों से दूर हो गई हो, लेकिन हम सबका मन हमेशा से मां भारतीय से जुड़ा है, एक दूसरे के प्रति अपनत्व से जुड़ा है.

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ”बीता साल हम सभी के लिए बहुत चुनौतियों का साल रहा है, लेकिन इन चुनौतियों के बीच विश्वभर में फैले भारतीय मूल के साथियों ने जिस तरह काम किया है, अपना फर्ज निभाया है वो हम सभी के लिए गर्व की बात है. यही तो हमारी मिट्टी के संस्कार हैं. आप सभी ने जहां आप रह रहे हैं वहां और भारत में कोविड के खिलाफ लड़ाई में बड़ा योगदान किया है. पीएम केयर्स में दिया गया आपका योगदान भारत में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत कर रहा है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज भारत के वैक्सीन का इंतजार सबको है. पीएम ने कहा कि भारत के सामर्थ्य का लाभ सभी को मिलता है, पीएम ने कहा कि देश में ही बने दो वैक्सीन के साथ भारत मानवता के हित में कार्य करने हेतु तैयार है. पीएम ने कहा कि कोविड के समय में भी कई नए टेक स्टार्टअप्स भारत से ही निकल कर आए हैं. भारत ने एक बार फिर अपने सामर्थ्य का परिचय दे दिया.

भारत निर्माण में प्रवासी भारतीयों के योगदान को याद करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया को अगर भारत पर इतना विश्वास है तो इसका कारण आप प्रवासी भारतीय भी हैं. पीएम ने कहा कि आप जहां भी गए आपने भारतीयता का प्रसार किया है. पीएम ने कहा कि भारत सरकार हर समय, हर पल आपके साथ खड़ी है. कोरोना काल में वंदे भारत मिशन के तहत 45 लाख भारतीयों को मदद पहुंचाई गई.

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यहां से अब हम आजादी के 75वें साल की तरफ आगे बढ़ रहे है. मेरा आग्रह है कि आजादी के आंदोलन में भाग लेने वाले प्रवासी भारतीयों की जीवन गाथा से संपूर्ण परिचय हेतु डिजिटल पोर्टल निर्मित किए जाएं, यह हमारी आने वाली पीढ़ी को प्रेरित करेंगे.