गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता माधव सिंह सोलंकी का निधन हो गया है. माधव सिंह सोलंकी कांग्रेस के बड़े नेता थे और वह चार बार गुजरात के मुख्यमंत्री रह चुके थे. 94 साल की आयु में शनिवार को उनका निधन हो गया है. माधव सिंह सोलंकी का जन्म 30 जुलाई 1927 को हुआ था. माधव सिंह सोलंकी कांग्रेस पार्टी के दिग्गज नेता और भारत के पूर्व विदेश मंत्री भी रह चुके हैं. वह चार बार गुजरात के मुख्यमंत्री रहे हैं. वो 1980 में पहली बार गुजरात की सत्ता में आए थे. वो 1973-1975-1982-1985 के वर्षों में गुजरात के सीएम बने.

बता दें कि गुजरात की राजनीति और जातिगत समीकरणों के साथ प्रयोग कर सत्ता में आने वाले माधव सिंह सोलंकी KHAM थ्योरी के जनक माने जाते हैं. KHAM यानी कि क्षत्रिय, हरिजन, आदिवासी और मुस्लिम. 1980 के दशक में उन्होंने इन्ही चार वर्गों को एक साथ जोड़ा और प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में आए. माधव सिंह सोलंकी के इस समीकरण ने गुजरात की सत्ता से अगड़ी जातियों को कई साल के लिए बाहर कर दिया.

माधव सिंह सोलंकी पेशे से वकील थे. वह आनंद के नजदीक बोरसाड के क्षत्रिय थे. वह पहली बार 1977 में अल्पकाल के लिए मुख्यमंत्री बने. 1980 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को राज्य में जोरदार बहुमत मिला. 1981 में सोलंकी ने सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े लोगों के लिए आरक्षण लागू किया. इसके विरोध में राज्य में हंगामा हुआ. कई मौतें भी हुईं.

आरक्षण लागू करने से पहले माधव सिंह सोलंकी KHAM फार्मूला लागू कर चुके थे. इसलिए उन्हें KHAM से जुड़ी जातियों का समर्थन मिला. लेकिन पटेल, ब्राह्मण, बनिया जैसी जातियों का विरोध झेलना पड़ा. राज्य में हिंसा के बाद सोलंकी ने 1985 में इस्तीफा दे दिया. लेकिन अगले विधानसभा चुनाव में KHAM फार्मूले के दम पर बंपर वोटों से चुनाव जीतकर आए.

देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने माधव सिंह सोलंकी के निधन पर शोक जाहिर किया है. उन्होंने ट्वीट किया, ”माधवसिंह सोलंकी जी एक दुर्जेय नेता थे, जिन्होंने दशकों तक गुजरात की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. समाज के प्रति उनकी समृद्ध सेवा के लिए उन्हें याद किया जाएगा. उनके निधन से दुखी हूं. उनके पुत्र भरत सोलंकी जी से बात की और संवेदना व्यक्त की. ओम शांति.

वहीं कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी पार्टी के दिग्गज नेता के निधन पर शोक जाहिर किया है. राहुल गांधी ने लिखा, ”माधवसिंह सोलंकी के निधन से दुखी हूं. कांग्रेस की विचारधारा को मजबूत करने और सामाजिक न्याय को बढ़ावा देने में उनके योगदान के लिए याद किया जाएगा. उनके परिवार और दोस्तों के प्रति गहरी संवेदना.