उत्तर प्रदेश के जनपद थाना दादों क्षेत्र के गांव हुसैनपुर की रहने वाली 17 वर्षीय नाबालिग किशोरी पिछले करीब 10 दिन से अपने घर से लापता हो गई थी. जिसके बाद लापता हुई किशोरी के परिजनों ने  गांव के ही रहने वाले एक युवक के खिलाफ नाम दर्ज तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया गया था.  लेकिन घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस लापता हुई किशोरी को ढूंढने में नाकाम रही.

जिसके बाद परिजनों ने पुलिस के ऊपर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि लापता किशोरी को ढूंढने और बरामद करने के लिए थाना अध्यक्ष दादों द्वारा पीड़ित परिवार से 50 हजार रुपयों की मांग की गई थी.  जिसमें पीड़ित परिजनों ने थाना अध्यक्ष दादों को 20000 रुपये दिए.  लेकिन उसके बाद भी पुलिस लापता हुई किशोरी को ढूंढने के नाम पर जांच और इंक्वारी का आश्वासन देती रही है. पुलिस की कार्यप्रणाली से नाखुश परिवार थाना अध्यक्ष के खिलाफ शिकायत लेकर एसएसपी कार्यालय पहुंचे थे, जहां परिजनों द्वारा  ग्रामीण पुलिस अधीक्षक से थाना अध्यक्ष के रुपया लेने की शिकायत की गई.  वहीं थाना अध्यक्ष की शिकायत के बाद अब लापता किशोरी के पीड़ित परिजन डरे और सहमे नजर आ रहे हैं.

दरअसल अलीगढ़ के थाना दादों क्षेत्र के गांव हुसैनपुर की रहने वाली अजयवीर सिंह की 17 वर्षीय नाबालिग किशोरी रेनू को गांव का ही रहने वाला पड़ोसी युवक शिवकुमार 20 सितंबर को अपने साथ बहला-फुसलाकर ले गया था,  जिसके बाद परिजनों ने लापता हुई किशोरी कि थाने में तहरीर देते हुए नाम दर्ज शिवकुमार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था. लेकिन घटना के कई दिन बाद भी पुलिस लापता हुई किशोरी का अभी तक कई सुराग नहीं निकाल पाई है.

वहीं ग्रामीण पुलिस अधीक्षक का कहना है कि  22 सितंबर को पुलिस को सूचना मिली थी की एक लड़की किसी युवक के साथ चली गई है.  जिसकी बरामदगी के लिए पुलिस में अपराध संख्या 279/2020 के तहत आईपीसी की धारा (363,366)  मुकदमा दर्ज हुआ, वहीं पुलिस युवक को तलाश करने के साथ रिश्तेदारों से भी पूछताछ कर रही है, इसके साथ ही सर्विलांस की भी मदद ली जा रही है, और  जल्दी बरामदगी कर ली जाएगी. वही अगर ये लोग  थाना अध्यक्ष को 20 हजार रुपए देने का साक्ष्य पेश करते हैं , तो थाना अध्यक्ष के खिलाफ कठोर से कठोर कार्यवाही की जाएगी.