उत्तर प्रदेश के जनपद शाहजहाँपुर में एक बार फिर बाघ ने दी दस्तक आपको बताते चलें कि जनपद शाहजहाँपुर पीलीभीत लखीमपुर खीरी यह तीनों जिले एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। साथ ही यह तराई क्षेत्र के साथ साथ खुटार शाहजहाँपुर पूरनपुर पीलीभीत मैलानी लखीमपुर खीरी का ज्यादातर एरिया जंगल इलाके में आता है। जहां वारिस के मौसम में बाघ गाँव और खेतों की तरफ़ अपना रुख कर देते हैं। इससे पहले भी खुटार मैलानी क्षेत्र में बाघ ग्रामीणों और किसानों को अपना शिकार बना चुके हैं। वहीं आज खुटार रेंज के लोहंगपुर जंगल के आस पास के गाँव में बाघ के पद चिन्हों को देखा गया जहां सूचना पर पहुंचे डीएफओ आदर्श कुमार ने वनविभाग और थाना खुटार का फोर्स लेकर मौके पर पहुँचे और सभी ग्रामीणों व प्रधान से जानकरीं लेकर बाघ के पद चिन्हों की वीडियोग्राफी कराकर उन्हें जांच के लिए भेज दिया गया है। वहीं गांव वालों की सुरक्षा की दृष्टि गत रखते हुए सभी को खेतों और जंगल के किनारे जानें के लिए मना कर दिया गया है।

शाहजहाँपुर डीएफओ आदर्श कुमार  ने लोहंगापुर जंगल के आस पास की एरिया की सघन जांच पड़ताल कराकर मुआयना किया और पद चिन्हों को ट्रेस के लिए टीम गठित की और कैमरे भी लगवाए गए ताकि बाघ की सही से लोकेशन मिल सके ग्रामीणों को सूचित कर बताया कि हर किसान और ग्रामीणों को सतर्क रहना है। और एक साथ चार पांच लोग मिलकर खेतों पर जाएं साथ ही रात्रि के समय में बाहर न निकले और जब भी दिन में भी जाएं तो शौर करते रहें इधर उधर नजरों को दौड़ाकर एक दूसरे को सचेत करते रहें । वहीं मौके पर सैकड़ों लोगों के साथ साथ वनविभाग खुटार रेंजर डी एस यादव और थाना अध्यक्ष जयशंकर सिंह भी मौके पर मौजूद रहे।